भारतीय तटरक्षक बल स्थापना दिवस

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भारतीय तटरक्षक बल 01 फरवरी, 2022 को अपना 46वाँ स्थापना दिवस मना रहा है। वर्ष 1978 में केवल 7 ज़मीनी प्लेटफॉर्मों के साथ एक साधारण शुरुआत से लेकर वर्तमान में भारतीय तटरक्षक बल के बेड़े में कुल 156 जहाज़ और 62 विमान शामिल हैं तथा अनुमान के मुताबिक, वर्ष 2025 तक इसके बेड़े में 200 ज़मीनी प्लेटफॉर्म और 80 विमान शामिल होने की संभावना है।

विश्व में चौथे सबसे बड़े तटरक्षक बल के रूप में भारतीय तटरक्षक बल ने भारतीय तट की सुरक्षा और भारत के समुद्री क्षेत्रों में नियमों को लागू करने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इसके आदर्श वाक्य ‘वयम रक्षाम’ का अर्थ है ‘हम रक्षा करते हैं।’

भारतीय तटरक्षक बल ने 1977 में स्थापना के बाद से 10,000 से अधिक लोगों की जान बचाने के साथ ही लगभग 14,000 असामाजिक तत्त्वों को गिरफ्त में लिया है। संगठन का नेतृत्त्व महानिदेशक भारतीय तटरक्षक बल (DGICG) द्वारा किया जाता है

और इसका मुख्यालय नई दिल्ली में स्थित है। विदित हो कि भारतीय तटरक्षक बल जहाज़ों पर परिचालन भूमिका में महिला अधिकारियों की नियुक्ति करने वाला देश का पहला बल है। वर्तमान में के. नटराजन भारतीय तटरक्षक बल के महानिदेशक हैं।

इंडियन कोस्ट गार्ड के ध्येय और दायित्व

इंडियन कोस्ट गार्ड डे यानी भारतीय तटरक्षक दिवस का ध्येय वाक्य “वयम् रक्षाम:” है. इसका अर्थ होता है, ‘हम रक्षा करते हैं’. इनका मुख्य कार्य कृत्रिम द्वीपों एवं अपतटीय स्टेशनों की सुरक्षा, मछुआरों की सुरक्षा व सहायता, समुद्री पर्यावरण की सुरक्षा एवं संरक्षण, तस्कर विरोधी संक्रियाओं में सीमा शुल्क विभाग एवं अन्य प्राधिकारियों की सहायता, समुद्री कानूनों को लागू करना और वैज्ञानिक आंकड़े इकट्ठा करना और युद्ध के दौरान नौसेना की सहायता करना है.